Copy this code and paste it between the and tags of your site: onlinenotesbyfauzeakhalid: बजट सेट एवं बजट रेखा

Monday, November 9, 2020

बजट सेट एवं बजट रेखा

             उपभोक्ता का बजट

   यह किसी उपभोक्ता की क्रय शक्ति को दर्शाता है। बजट की सहायता से एक उपभोक्ता कुछ वस्तुओं की निर्धारित इकाइयों को खरीद सकता है। जिन वस्तुओं की बाज़ार क़ीमत दी गई हो  उपभोक्ता केवल उन्ही वस्तुओं को ख़रीद सकता है। यदि कोई उपभोक्ता अपनी निश्चित आय से दो वस्तुओं को ख़रीदना चाहता है, जिनका बाज़ार मूल्य दिया गया है तो वह ऐसी दो वस्तुओं के केवल उन बंडलों (sets) को ख़रीद सकता है  जिनकी क़ीमत उपभोक्ता की आय से कम हो या फिर उसकी आय के बराबर हो। 
 

                               बजट सेट

उपभोक्ता का बजट सेट उन सभी वस्तुओं के बंडलों का संग्रह है जिन्हें उपभोक्ता विद्यमान बाज़ार क़ीमत पर अपनी आय से ख़रीद सकता है।बजट सेट का समीकरण इस प्रकार है -
    
     

            माना उपभोक्ता की आय M है और वह दो वस्तुएं X तथा Y खरीदना चाहता है। X वस्तु का मूल्य P1 एवं Y वस्तु का मूल्य P2 है  यदि वह X वस्तु की एक इकाई X1 खरीदना चाहता है तो उसे P1X1 धन व्यय करना होगा  और अगर वह Y वस्तु की दो इकाइयां Y2 ख़रीदना चाहता है तो P2Y2 धन खर्च करना पड़ेगा । यदि वह X तथा Y इकाइयों का बंडल ख़रीदना चाहेगा तो P1X1+ P2Y2 धन खर्च करना पड़ेगा जो कि तभी सम्भव है जब उपभोक्ता के पास इतनी धन राशि हो।                      
                                बजट रेखा  ( Budget Line ) 
                                           अथवा 
                                  क़ीमत रेखा (price Line) 
 बजट रेखा दो वस्तुओं के उन सभी संयोगों का रेखाचित्र होता है जिन्हें एक उपभोक्ता दिए गए  बाज़ार मूल्य पर अपनी आय से ख़रीद सकता है। बजट रेखा का दूसरा नाम क़ीमत रेखा भी है। बजट रेखा उन सभी बंडलों का प्रतिनिधित्व करती है जिन उपभोक्ता अपनी पूरी आय खर्च कर सकता है। इस रेखा में दो वस्तुओं के वह सभी बंडल प्रदर्शित होते हैं जिनका मूल्य उपभोक्ता की आय के बराबर होता है। बजट रेखा पर नीचे के बिन्दु उन बंडलों को दर्शाते हैं जिनका मूल्य उपभोक्ता की आय से कम है। 
   बजट रेखा की प्रवणता ऋणात्मक अर्थात नीचे की ओर होती है। यदि  वस्तु की क़ीमत या आय दोनों में से किसी में परिवर्तन होता है तो बजट रेखा में भी बदलाव आ जाता है। 
     बजट रेखा समीकरण है -  
   

    
  रेखाचित्र द्वारा बजट रेखा का स्पष्टीकरण 
          

 चित्र में OX अक्ष पर बर्गर तथा OY अक्ष पर फ्राइज की मात्रा दर्शाई गई है। बिन्दु A पर उपभोक्ता अपनी सम्पूर्ण आय को खर्च करके बर्गर की अधिकतम 20 इकाइयों को खरीद सकता है जबकि बिन्दु D पर उपभोक्ता अपनी समस्त आय फ्राइज पर व्यय करके अधिकतम 30 इकाइयां प्राप्त कर सकता है। A और D के मध्य ऐसे ही कई बिन्दु हैं। इन सभी बिंदुओं को मिलाने से एक सरल रेखा प्राप्त होती है जिसे बजट रेखा या क़ीमत रेखा कहा जाता है। 
       बजट रेखा पर मौजूद सभी बिन्दु बर्गर और फ्राइज के उन सभी बंडलों को दर्शाते हैं जिन्हें उपभोक्ता दोनों वस्तुओं की दी गई क़ीमतों पर अपनी समस्त आय को व्यय करके खरीद सकता है। 

 बजट रेखा में परिवर्तन 

क़ीमत रेखा उपभोक्ता की स्थिर आय तथा वस्तुओं के स्थिर मूल्य के आधार पर बनायी जाती है। यदि वस्तुओं के मूल्य में बदलाव हो या फिर उपभोक्ता की आय में कोई परिवर्तन हो तो बजट रेखा भी खिसक जाती है। 
                  






   
       
        

     

   
  

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